स्टूडेंट गाइड
- गणित के साथ 12वीं पास छात्रों के लिए स्मार्ट विकल्प
- डेटा साइंस, एआई और मशीन लर्निंग से जुड़ा आधुनिक पाठ्यक्रम
- थ्योरी के साथ प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स पर जोर, इंडस्ट्री रेडी बनते छात्र
- सांख्यिकीय सॉफ्टवेयर और डेटा विज़ुअलाइज़ेशन की विशेष ट्रेनिंग
- इंटर्नशिप और प्लेसमेंट के लिए उद्योगों से मजबूत जुड़ाव
- एमडीयू में सिर्फ 60 सीटें, सीमित अवसर में बड़ा भविष्य
रोहतक। आज के डिजिटल दौर में डेटा ही नई ताकत बन चुका है और इसी जरूरत को ध्यान में रखते हुए महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय (एमडीयू) का सांख्यिकी विभाग छात्रों के लिए सुनहरा अवसर लेकर आया है। बीएससी सांख्यिकी कोर्स के जरिए 12वीं (गणित) पास विद्यार्थी डेटा एनालिस्ट, डेटा साइंटिस्ट और वित्तीय विश्लेषक जैसे उभरते करियर विकल्पों की ओर कदम बढ़ा सकते हैं। यह कोर्स पारंपरिक पढ़ाई से आगे बढ़कर डेटा साइंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग जैसे आधुनिक विषयों को शामिल करता है। साथ ही, प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स, सॉफ्टवेयर ट्रेनिंग और इंडस्ट्री से जुड़ाव के माध्यम से छात्रों को जॉब-रेडी बनाया जाता है। सीमित सीटों और बढ़ती मांग के बीच यह कोर्स युवाओं के लिए एक मजबूत और सुरक्षित करियर की दिशा तय कर सकता है।
किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं : मलिक
सांख्यिकी विभाग के पूर्व अध्यक्ष सेवानिवृत्त प्रो. एस.सी. मलिक के अनुसार, यह कार्यक्रम छात्रों को केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं रखता, बल्कि उन्हें शोध और व्यावहारिक परियोजनाओं के माध्यम से वास्तविक दुनिया की समस्याओं को सुलझाने के लिए तैयार करता है। बैंकिंग और वित्तीय सेवा क्षेत्रों में भी इस कोर्स की भारी मांग है। कोर्स में गणितीय मॉडलिंग, सांख्यिकीय सॉफ्टवेयर प्रशिक्षण, डेटा विज़ुअलाइज़ेशन और रिपोर्ट लेखन जैसे कौशल सिखाए जाते हैं, जो आज के कॉर्पोरेट जगत की प्राथमिक आवश्यकताएं हैं।
अत्याधुनिक सुविधाएं और उद्योग से जुड़ाव
एमडीयू का सांख्यिकी विभाग अपने अनुभवी शिक्षकों, अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं और शोध-आधारित शिक्षण पद्धतियों के लिए जाना जाता है। विश्वविद्यालय की ओर से उद्योगों और विभिन्न संस्थानों के साथ निरंतर संपर्क बनाया रखा जाता है, जिससे छात्रों को इंटर्नशिप और कैंपस प्लेसमेंट के बेहतरीन अवसर प्राप्त होते हैं। इस कोर्स में एमडीयू के सांख्यिकी विभाग में कुल 60 सीटें उपलब्ध हैं।
तकनीकी रूप से सक्षम बनाएगा
यह कार्यक्रम युवाओं को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने और बदलते वैश्विक बाजार की मांग के अनुरूप तैयार करने की दिशा में एमडीयू की एक महत्वपूर्ण पहल है। जो छात्र 12वीं के बाद एक गतिशील, चुनौतीपूर्ण और सुरक्षित करियर की तलाश में हैं, उनके लिए बीएससी सांख्यिकी एक उत्कृष्ट विकल्प साबित हो सकता है।
