Haryana
- युवा कार्यक्रम मामलों को लेकर जिला स्तर पर गठित होगी विशेष ब्रांच
- महानिदेशक ने दिए कर्मचारियों को नामित करने के आदेश
नरेश पंवार. कैथल
करीब 10 सालों से निष्क्रिय हो चुके युवा व युवती मंडलों में फिर से जान फूंकती नजर आ रही है। इसके लिए कौशल विकास एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग के महानिदेशक द्वारा सभी जिला स्तर के राजकीय आईटीआई में युवा कार्यक्रम मामले के तहत अलग से शाखा गठित करने के आदेश दिए हैं। इस कार्यालय में जहां जिला स्तर पर चार अधिकारी व कर्मचारी काम करेंगे तो वहीं खंड स्तर पर भी कर्मचारियों की डयूटी लगाई जाएगी ताकि युवा कार्यक्रम मामलों से संबंधित काम को नई गति दी जा सके।
बता दें कि हरियाणा सरकार द्वारा जारी की गई अधिसूचना 1 जनवरी 2023 के अनुसार खेल एवं युवा कार्यक्रम विभाग के युवा विंग को कौशल विकास एवं औद्योगिक प्रशिक्षण निदेशालय हरियाणा में विलय करते हुए प्रदेश के सभी 143 विकास खण्डों को राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों से जोड़ते हुए संस्थाओं के प्रधानाचार्य को खंड यूथ कोऑर्डिनेटर ऑफिसर तथा संस्थान के एक स्नात्तक वर्ग अनुदेशक को अपने कार्य के अतिरिक्त जूनियर यूथ कोऑर्डिनेटर ऑफिसर घोषित किया गया था।
इसके तहत युवा मामले कार्यक्रम को लागू करने एवं प्रचार-प्रसार करने का कार्य सोंपा गया था। इसी कड़ी में प्रदेश के सभी जिलों में स्थित राजकीय आईटीआई के नोडल प्रधानाचार्य को जिला यूथ कोऑर्डिनेटर ऑफिसर घोषित करते हुए सभी विकास खण्डों में 6222 ग्राम पंचायतों के 7356 गांव में युवा क्लब के माध्यम से गतिविधियां पुन: शुरू करने के आदेश दिए गए थे।
बता दें कि वर्ष 2012 में हरियाणा सरकार द्वारा नया सोसायटी पंजीकरण एक्ट लागू हो जाने के बाद प्रदेश के सभी यूथ क्लब निष्क्रिय हो गए थे। अब इन सभी बंद पड़े यूथ क्लब को पुन: संगठित करके उन्हें पंजीकृत करवाने हेतु प्रदेश के सभी जिला उपायुक्त को 31 दिसंबर 2025 तक प्रत्येक जिले में 250 यूथ क्लब जागृत करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए युवा अधिकारिता एवं उद्यमिता विभाग हरियाणा द्वारा प्रदेश के सभी जिला उपायुक्त की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया गया है जिसमें नोडल प्रधानाचार्य को सदस्य सचिव तथा जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी को सदस्य नियुक्त किया गया है ताकि युवा गतिविधियों के संचालन का लक्ष्य पूरा किया जा सके।
निदेशालय ने जारी किए आदेश
निदेशालय कौशल विकास एवं औद्योगिक प्रशिक्षण हरियाणा द्वारा 20 नवंबर को जारी पत्र के अनुसार सभी नोडल प्रधानाचार्य को आदेश दिए गए हैं कि प्रत्येक जिला स्तरीय आईटीआई में 4 सदस्य यूथ ब्रांच स्थापित की जाए। इसमें एक स्नातक वर्ग अनुदेशक दो अनुदेशक व एक लिपिक को शामिल करते हुए यूथ ब्रांच का गठन किया जाए। यह यूथ ब्रांच जिले के सभी खंड विकास अधिकारियों, राजकीय व प्राइवेट कॉलेज, विद्यालयों के मुखिया से तालमेल करते हुए सभी संस्थाओं में एक कर्मचारी को युवा अधिकारी के रूप में नामित करते हुए सारी सूचना निदेशालय भिजवाने बारे कहा गया है ताकि सरकार द्वारा निर्धारित प्रत्येक जिले में सभी ग्राम पंचायत में सक्रिय युवक तथा युवती मंडल को पंजीकृत करवाकर युवा गतिविधियां संचालित करवाई जा सके। प्रत्येक युवा मंडल में कम से कम 10 व अधिकतम 20 सदस्य हो सकते हैं। गठन उपरांत पंजीकरण करवाते हुए उसका बैंक में खाता खुलवाया जाएगा। सभी सदस्यों का माई भारत पोर्टल पर पंजीकरण करवाया जाएगा और युवा मंडल के सभी सदस्यों में कम से कम 20% अनुसूचित एवं पिछड़ा वर्ग के होने चाहिए परंतु युवती मंडल अलग से गठित होंगे।
दी जाएगी वित्तीय सहायता
सभी नवगठित युवक मंडलों/ युवती मंडलों को कार्यशील बनाने के लिए ₹500 प्रति महीना की वित्तीय सहायता इस शर्त पर दी जाएगी की युवा मंडल प्रत्येक माह में कम से कम एक बैठक आयोजित करेगा और दो सामाजिक गतिविधियों को ग्राम स्तर पर आयोजित करेगा। यह राशि प्रत्येक तिमाही युवक/युवती मंडल के 60% सदस्यों के हस्ताक्षर उपरांत संतोषजनक रिपोर्ट नोडल आईटीआई में प्राप्त होने पर उनके बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से विभाग द्वारा सीधे अदा कर दी जाएगी।
युवा मंडल द्वारा किए जाने वाले कार्य
महापुरुषों दिवसों व पर्वों पर सेमिनार/गोष्ठियां/ व जागरूकता रैलियां आयोजन करना/ सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ जन जागरण अभियान चलाना/ रक्तदान शिवरों का आयोजन करना/ पौधारोपण कार्यक्रम/ सांस्कृतिक गतिविधियों हेतु युवाओं को जागरूक करना/ महिला सशक्तिकरण कार्यक्रमों का आयोजन/नुक्कड़ नाटकों/ सभाओं के माध्यम से कार्यक्रमों का समय-समय पर आयोजन करवाना इसके अलावा सभी सरकारी योजनाओं का जन-जन तक लाभ पहुंचाने के लिए आम आदमी की सहायता करना शामिल है।
युवा पुरस्कार विजेताओं को किया जा सकता है समायोजित
इस समय प्रदेश में करीब 56 राष्ट्रीय युवा पुरस्कार विजेता है। यदि सरकार इस विभाग में उन्हें युवा गतिविधियों को संचालित करने की जिम्मेवारी दे तो वे बेहतर ढंग से इस कार्य को कर सकेंगे।
आईटीआई का लोगो
